आज ही सुबह सुबह,
मैं अपने कमरे में सो रहा था,
मीठे से सपने में खो रहा था।
पता नही कौन मुझे आवाज दे रहा था,
आँखे खोली और जाके देखा
दरवाजे पे पड़ोस वाली भाभी खड़ी थी,
नाम था जिनका रेखा।
पर ये क्या, उन्होंने me too me too की छेड़ रखी थी तान,
ये सुन मैं हुआ बड़ा परेशान,
एकबारगी तो जैसे मेरी निकल ही गयी थी जान।
सच है, देखता तो हूँ उन्हें तिरछी नज़र से,
पर नियत मेरी आज भी है साफ।
मेरी हालत अब हो चली है खराब
सांसे अटक रही थी, धड़कने बस धड़क रही थी।
उन्हें करके नज़रअंदाज़
चद्दर तान झूठ-मुठ ही वापिस सो गया।
कुछ एक घंटे बाद
लेके हाथों में मोबाइल जानना चाहा आपना हाल
पर हुआ मैं बड़ा हैरान,
न फेसबुक, न ट्वीटर न व्हाट्सएप्प पे
मेरे नाम से कोई लफड़ा था,
भाभी तो मेरे आँगन में ही चहक रही थी।
और तब आयी मेरी जान में जान ,
जब पता चला मीठू तो है उनके तोते का नाम।
😝😝
मैं अपने कमरे में सो रहा था,
मीठे से सपने में खो रहा था।
पता नही कौन मुझे आवाज दे रहा था,
आँखे खोली और जाके देखा
दरवाजे पे पड़ोस वाली भाभी खड़ी थी,
नाम था जिनका रेखा।
पर ये क्या, उन्होंने me too me too की छेड़ रखी थी तान,
ये सुन मैं हुआ बड़ा परेशान,
एकबारगी तो जैसे मेरी निकल ही गयी थी जान।
सच है, देखता तो हूँ उन्हें तिरछी नज़र से,
पर नियत मेरी आज भी है साफ।
मेरी हालत अब हो चली है खराब
सांसे अटक रही थी, धड़कने बस धड़क रही थी।
उन्हें करके नज़रअंदाज़
चद्दर तान झूठ-मुठ ही वापिस सो गया।
कुछ एक घंटे बाद
लेके हाथों में मोबाइल जानना चाहा आपना हाल
पर हुआ मैं बड़ा हैरान,
न फेसबुक, न ट्वीटर न व्हाट्सएप्प पे
मेरे नाम से कोई लफड़ा था,
भाभी तो मेरे आँगन में ही चहक रही थी।
और तब आयी मेरी जान में जान ,
जब पता चला मीठू तो है उनके तोते का नाम।
😝😝